मुझसे एहसान लेकर मुझी पर एहसान कर दे
पहले से हूं बदनाम थोड़ा और बदनाम कर दे।।

करना तो है इजहार, पर डरता हूं तु कहीं इनकार न कर दे
कभी पलट कर देख मुझे, और मेरा काम आसान कर दे।।

मेरी खुशी, मेरे सुकूं, मेरे सभी अच्छे पल तेरे नाम हैं
कुछ और न सही, तू अपना दुःख दर्द मेरे नाम कर दे।।

जेहन में बस गया है कि तेरे संग बीते पल ही जन्नत होगा
मुझे आजमाने तो दे ,कभी अपने साथ मेरा सुबह साम कर दे।

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